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विद्युत चुम्बकीय तरंग (Electromagnetic Wave)

विद्युत चुम्बकीय तरंग (Electromagnetic Wave)

वे तरंगें जिनके संचरण के लिए किसी माध्यम की आवश्यकता नही पड़ती अर्थात् निर्वात में भी संचरित हो सकती हैं, विद्युत चुम्बकीय तरंग या अयान्त्रिक तरंग (Electromagnetic Wave or Non-Mechanical Wave) कहलाती हैं। जैसे- ऊष्मीय विकिरण, एक्स किरणें, गामा किरणें, पराबैगनी किरणें, अवरक्त किरणें, दृश्य विकिरण, रेडियो तरंगें, समप्रकाश तरंगें आदि ।

विद्युत चुम्बकीय तरंगों की चाल प्रकाश की चाल के बराबर अर्थात् तीन लाख किलोमीटर प्रति सेकेण्ड होती हैं। सभी विद्युत चुम्बकीय तरंगो की चाल समान तथा तरंग दैर्ध्य अलग-अलग होती हैं। विद्युत चुम्बकीय तरंगें चुम्बकीय एवं विद्युत क्षेत्रों के दोलन से उत्पन्न होती हैं। विद्युत चुम्बकीय तरंगें अनुप्रस्थ होती हैं तथा इनकी तरंग दैर्ध्य 10-14m से 104 तक होती है। सभी विद्युत चुम्बकीय तरंगें फोटान की बनी होती हैं। विद्युत चुम्बकीय तरंगों की प्रकृति उदासीन होती है। विद्युत चुम्बकीय तरंगों की अवधारणा मैक्सवेल द्वारा प्रतिपादित की गई है। विद्युत चुम्बकीय तरंगें (Electromagnetic Wave) तब उत्पन्न होती हैं जब electric field तथा field के मध्य वाइव्रेशन उत्पन्न होता है।

कुछ प्रमुख विद्युत चुम्बकीय तरंगें (Some major magnetic waves)

गामा किरण (Gamma radiation)

गामा किरणों की खोज पाल विलार्ड ने की थी । इस किरण की वेधन क्षमता अधिक होती है। गामा किरणों की तरंग दैर्ध्य 10-14m से 10-10m तथा आवृत्ति 1020 से 1018 हर्ट्ज तक होती है। इस किरण का उपयोग नाभिकीय अभिक्रिया एवं कृत्रिम रेडियोधर्मिता में किया जाता है।

एक्स किरण (X- radiation)

एक्स किरणों की खोज रोन्टजन ने की थी । एक्स किरणों की तरंग दैर्ध्य 10R;10m से 108m तथा आवृत्ति 1018 से 1016 हर्ट्ज तक होती है। इस किरण का उपयोग चिकित्सा एवं औद्योगिक क्षेत्र में किया जाता है।

पराबैगनी किरण (Ultraviolet radiation)

पराबैगनी किरणों की खोज रिटर ने की थी । पराबैगनी किरणों की तरंग दैर्ध्य 108m से 107 m तथा आवृत्ति 1016 से 1014 हर्ट्ज तक होती है। इस किरण का उपयोग वैक्टीरिया नष्ट करने, सिंकाई करने तथा प्रकाश वैद्युत प्रभाव उत्पन्न करनें में किया जाता है।

अवरक्त विकिरण (Infrared radiation)

अवरक्त विकिरण की खोज हर्सेल ने की थी। अवरक्त विकिरण की तरंग दैर्ध्य 7.8 × 107m से 103 m तथा आवृत्ति 1012 से 1010 हर्ट्ज तक होती है। इस विकिरण का उपयोग कुहरे में फोटोग्राफी करने तथा रोगियों की सिंकाई करने में किया जाता है।

दृश्य- विकिरण (Visible radiation)

दृश्य- विकिरण की खोज न्यूटन ने की थी । दृश्य- विकिरण की तरंग दैर्ध्य 3.9 × 107m से 7.8 × 107 m तथा आवृत्ति 1014 से 1012 हर्ट्ज तक होती है। इस विकिरण से वस्तुएं दिखायी देती हैं। दृश्य विकिरण के अभाव में वस्तुएं दिखायी नही देती है।

दीर्घ रेडियो तरंगे (Long radio waves)

दीर्घ रेडियो तरंग की खोज प्रसिध्द वैिक मारकोनी ने की थी। दीर्घ रेडियो तरंग की तरंग दैर्ध्य 1m से 104 m तथा आवृत्ति 106 से 104 हर्ट्ज तक होती है । इस तरंग का उपयोग रेडियो तथा टेलीविजन में किया जाता है।

 लघु रेडियो तरंगे (Short radio waves)

लघु रेडियो तरंग की खोज प्रसिध्द वैज्ञानिक हेनरिक हर्टज ने की थी। लघु रेडियो तरंग की तरंग दैर्ध्य 10-3 से 1m तथा आवृत्ति 1010 से 108 हर्ट्ज तक होती है। इस तरंग का उपयोग रेडियो, टेलीफोन  टेलीविजन में किया जाता है।

 तरंग गति (Wave Speed)

किसी कारक द्वारा उत्पन्न विक्षोभ को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया को तरंग गति कहते हैं।

जैसे- तालाब के पानी में कंकड़ डालने पर कंकड़ पानी के अणुओं में गति लाता है, ये अणु अपने पास के अणुओं में गति लाते हैं। उक्त प्रक्रम तब तक चलता है जब तक  विक्षोभ तालाब के किनारों तक नही पहुंच जाता।

आयाम (Dimensions)

दोलन करने वाली वस्तु अपनी साम्य स्थिति के किसी भी तरफ अधिकतम जितनी दूर जाती है, उस दूरी को ही दोलन का आयाम कहते हैं।

तरंग दैर्ध्य (Wave length)

अनुप्रस्थ तरंगों में दो पास-पास के श्रृंगों या गर्तों के बीच की दूरी तथा अनुदैर्ध्य तरंगों में क्रमागत दो संपीडनों या विरलनों के मध्य की दूरी को तरंग दैर्ध्य कहते हैं।

तरंग की चाल = आवृत्ति × तरंग दैर्ध्य।

विद्युत चुम्बकीय तरंगों के गुण (Properties of electromagnetic waves)

विद्युत चुम्बकीय तरंगों की चाल प्रकाश के वेग का बराबर होती है तथा प्रकाश की तरह ही अपवर्तन एवं परावर्तन को प्रभाव प्रकट करती है। आवेशरहित होने कारण निर्वात में भी विचरण कर सकती हैं। ये तरंगें जिस भी सतह पर पड़ती हैं, उन पर दबाव डालती हैं।

विद्युत चुम्बकीय तरंगों के उपयोग (Uses of Electromagnetic wave)

  1. विद्युत चुम्बकीय तरंग (Electromagnetic Wave) का उपयोग सभी प्रकार की वायरलेस डिवाइसेज (ब्लूटूथ, एफ0 एम0 चैनल, टी0 वी0 चैनल, वाई फाई, रेडियो कन्ट्रोल कार, रिमोट कन्ट्रोल, ड्रोन आदि) में किया जात है।
  2. विद्युत चुम्बकीय तरंग (Electromagnetic Wave) का उपयोग सैटेलाइट से अन्य स्पेस स्टेशन या spaceship से communication स्थापित करने के लिए किया जाता है।

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